मऊ के किक बाक्सर ने फिर किया कमाल 

27 Aug 2022

-चेन्नई में 18 से 22 अगस्त तक आयोजित राष्ट्रीय चैंपियनशिप में अभिषेक ने कांस्य पदक किया अपने नाम
-दो माह पहले नेपाल में एमटी एवरेस्ट इंटरनेशनल कराटे एंड किक बॉक्सिंग चैंपियनशिप का रहा हीरो

बुलंद आवाज ब्यूरो
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मऊ :
दो माह पहले नेपाल में आयोजित एमटी एवरेस्ट इंटरनेशनल कराटे एंड किक बाक्सिंग चैंपियनशिप के हीरो रहे अभिषेक यादव ने फिर कमाल किया है। पिछले दिनों 18 से 22 अगस्त तक चेन्नई में आयोजित किक बाक्सिंग राष्ट्रीय चैंपियनशिप में कांस्य पदक अपने नाम कर लिया। किशोरावस्था में ही अभिषेक के राष्ट्रीय व अंतर्राष्ट्रीय फलक पर गांव-जवार व जिले का नाम रोशन करने पर घर-परिवार को गर्व है।
नूरपुर है में जन्मा है प्रतिभावान  
16 साल सात माह 12 दिन के अभिषेक की जन्मभूमि जिले के मुहम्मदाबाद गोहना तहसील क्षेत्र के नगरीपार ग्राम पंचायत के नूरपुर मौजा में है। अभिषेक ने 22 अगस्त 2022 को चेन्नई में हुई नेशनल चैंपियनशिप में प्रतिभाग किया। वहां कांस्य पदक हासिल कर उसने अपनी माटी का पताका फहराया। 
पिता करते हैं प्राइवेट कंपनी में जाब 
अभिषेक यादव नूरपुर निवासी वीरेंद्र यादव का पुत्र है। उसके अलावा उसकी एक छोटी बहन है। वीरेंद्र यादव छत्तीसगढ़ में जिंदल स्टील पावर प्लांट कंपनी में काम करते हैं। 19 फरवरी 2005 को जन्मे अभिषेक की कक्षा एक से तीन तक की शिक्षा पिता के कार्यस्थल छत्तीसगढ़ में हुई। उसके बाद वह गांव चला आया। यहां कक्षा चार व पांच की पढ़ाई उसने सेक्रेट हर्ट स्कूल मुहम्मदाबाद में की। कक्षा छह से 10वीं तक की शिक्षा किंग्स इडेन इंटरनेशनल स्कूल गालिबपुर में हुई।
स्कूल में कोच ने पहचानी प्रतिभा  
इसके बाद इंटरमीडिएट में उसने सीपी इंटर कालेज नेवादा, करहां में दाखिला लिया। उसी कालेज में वह 12वीं का छात्र है। बुलंद आवाज से बातचीत में अभिषेक ने बताया कि बचपन से ही उसे बाक्सिंग का शौक था। कक्षा सात में वह किंग्स इडेन इंटरनेशनल स्कूल में पढ़ रहा था, उसी दौरान स्पोर्ट्स टीचर दिनेश चौहान के संपर्क में आया। दिनेश चौहान से वह कराटे का गुर सीखने लगा। कोच ने उसकी प्रतिभा को पहचान लिया। इसके बाद उसे वह डीवीएस मार्शल आर्ट एकेडमी में ले गये। वह कराटे में स्टेट लेबल पर गोल्ड मेडल हासिल किया। कराटे से ही रिलेटेड पेनचक सिलाट गेम में अभिषेक ने गोल्ड मेडल हासिल किया। स्टेट व नेशनल चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल प्राप्त किया। इसके बाद दिनेश चौहान ने उसे किक बॉक्सिंग में भाग्य आजमाने को कहा। उसे प्रैक्टिस कराने लगे।
गोल्ड मेडल हासिल करने की इच्छा    
किक बाक्सिंग में साउथ एशियन फेडरेशन के सचिव ने उसका चयन किक बाक्सिंग में नेशनल स्तर के खिलाड़ी के रुप में किया। अभिषेक कहा कहना है कि भविष्य की उसकी योजना भारत सरकार स्तर पर होने वाली नार्मल बाक्सिंग में सलेक्शन के लिये कड़ा अभ्यास करने की है। उसकी दिली इच्छा है कि वह देश की तरफ से अंतर्राष्ट्रीय बाक्सिंग प्रतियोगिता का हिस्सा बने और गोल्ड मेडल ले आए। 
 



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